ग्लासगो (मंदीप खुरमी हिम्मतपुरा)
केवल भारत में ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया में भारतीय मूल के लोग हाथरस घटना का विरोध कर रहे हैं। सरकार की लचर कार्रवाई और नेताओं के तीखे बयानों की आलोचना हो रही है। तीन ग्लासगो विश्वविद्यालय के छात्रों ने हाथरस की घटना के खिलाफ दो दिन का प्रदर्शन किया। हाथों में तख्तियां लेकर नारे लगाते हुए, सड़क के किनारे खड़े युवक राहगीरों का ध्यान आकर्षित करते रहे। स्कॉटिश इंडियन फॉर जस्टिस के कार्यकर्ताओं ने उनका समर्थन करने के लिए हाथ बढ़ाया और कारवां का गठन किया गया। छात्रों और अन्य प्रवक्ताओं ने कहा कि उनका उद्देश्य दलित समुदाय पर हो रहे अत्याचारों के खिलाफ लोगों को जागरूक करना है।